भावरकोल:क्षेत्र के शेरपुर खुर्द महावीर मंदिर परिसर में चल रहे नौ दिवसीय महामृत्युंजय यज्ञ तथा श्रीराम कथा का आयोजन किया जा रहा है। पांचवे दिन सोमवार को सुबह के समय भक्तो ने यज्ञ में आहुतियां देकर विश्व के कल्याण की कामना की।परम पूज्य जगतगुरू शंकराचार्य स्वामी अनंन्तानंन्द सरस्वती जी महाराज के सानिध्य में हो रहे महायज्ञ में कहा की ईर्ष्या और अहंकार ईश्वर प्राप्ति और सुख-शांति में सबसे बड़ी बाधाएं हैं। जहाँ अहंकार (स्वयं को कर्ता मानना) होता है। वहाँ परमात्मा का वास नहीं हो सकता। ईर्ष्या अज्ञान और आसक्ति का परिणाम है, जो जीवन को नष्ट कर देती है। सच्चा भक्त ‘मैं’ और ‘मेरा’ की भावना से मुक्त होता है और अहंकार रहित होकर ईश्वर की सेवा करता है।

श्री राम कथा में मथुरा श्री धाम वृंदावन से पधारे वृंदावन महाराज ने भगवान श्रीराम सहित चारो भाईयो के नामकरण एवं उनकी बाल लीला सहित विश्वामित्र जी के द्वारा राजा दशरथ जी से राम लखन को मांगकर यज्ञ की सुरक्षा व राक्षसो का संहार करवाने के बारे में विस्तार से प्रसंग सुनाई।
उन्होंने कहा कि अयोध्या में कुल गुरु वशिष्ठ चारों भाइयों का नामकरण करने राजा दशरथ के महल में पहुंचे।
चारों भाइयों का नाम रखते हुए उनके गुण बताए। कहा, जो पूरे संसार को सुख देने वाले हैं, उनका नाम राम होगा, जो विश्व का भरण पोषण करेंगे उनका नाम भरत होगा, जो भगवान राम के परम स्नेही होंगे उनका नाम लक्ष्मण होगा और जिसका नाम लेने से शत्रुओं का नाश होगा उनका नाम शत्रुघ्न होगा
बच्चे के बारे में जब बताया तो अयोध्या में उनकी जय-जयकार होने लगी। उधर, पंडाल में बैठे भक्तजन भी इस प्रसंग को सुन उत्साहित होकर जयकारे लगाने लगे।

वृंदावन महाराज जी ने कहा कि श्रीराम ही जीवन के आनंद हैं। उनके नाम के स्मरण मात्र से लोगों के कष्ट दूर हो जाते हैं। भगवान ने जन्म ही संसार में आकर लोगों के कष्ट को दूर करने के लिए लिया था। कथा समापन के बाद आरती व भंडारे में प्रसाद वितरण किया गया। इस दौरान पूर्व ब्लाक प्रमुखरमाशंकर सिंह काटू,
भाजपा नेता अभिनव सिन्हा, मिथलेश राय,पंकज राय,सुरेश राय, डॉo आलोक राय, राजेश राय बागी, आशीष राय सिंटू, ओमप्रकाश मिश्रा,सुदामा यादव,नीरज राय, विक्की राय, अंजनी राय,रोशन राय, धनंजय राय, बागीश राय, रजनीश राय ,गोलू राय आदि लोग उपस्थित थे।
