ग़ाज़ीपुर- आयुष्मान भारत योजना जो भारत सरकार की एक महत्वाकांक्षी योजना है। जिसके माध्यम से गरीब और असहाय लोगों को ₹5 लाख तक का निशुल्क इलाज की सुविधा सरकार के द्वारा दी जा रही है। इसके लिए लाभार्थियों को गोल्डन कार्ड बनवाना अनिवार्य है। लेकिन गोल्डन कार्ड बनवाने की प्रगति काफी धीमा रहा जिसेेे देखते हुए जिला अधिकारी ओमप्रकाश आर्य ने 13 फरवरी से माइक्रो प्लान के अनुसार ग्राम प्रधान ,आशा आंगनवाड़ी के साथ ग्राम पंचायत अधिकारियों का बैठक कर उन्हें गोल्डन कार्ड बनवाने में अपनी सहभागिता निभाने का निर्देश दिया था। जिसके बाद से ही गोल्डन कार्ड बनने में काफी तेजी आई है। जिसके चलते अब तक जनपद में 1,31,360 गोल्डन कार्ड बनाए जा चुके हैं।
इसी क्रम में गत दिवस भावरकोल ब्लॉक के पखनपुरा गांव में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि नदीम के द्वारा एक निजी मेडिकल कैंप का आयोजन किया गया था । जहां पर हजारों लोगों ने लाभ उठाया। वही गोल्डन कार्ड बनवाने का भी कैंप लगाया गया था। जिसमें आशा कार्यकर्ता पुष्पा देवी, संगीता, शाहिना, नाजिया परवीन, रीता शर्मा ,उषा देवी उपस्थित रही। वही आंगनवाड़ी रुकसाना खातून, शाहिदा परवीन, अंजुम आरा ,इशरत जहा के साथ ही एएनएम बुचिया देवी और बीएसडब्ल्यू सुपरवाइजर सर्वेश मौजूद रहे।
बीएचडब्ल्यू के सुपरवाइजर सर्वेश ने बताया कि इसके पूर्व मुसहर बस्ती और चक डुमरिया में भी गोल्डन कार्ड कैंप लगाया गया था। साथ ही उन्होंने बताया कि पखनपुरा में करीब 150 लोगों का लिस्ट में नाम है। लेकिन बहुत सारे नाम के लोगों का पता नहीं है। मात्र 20 से 25 लोग ही गोल्डन कार्ड लाभार्थी के रूप में मौजूद है।
एसीएमओ डॉ डीपी सिन्हा ने बताया कि आयुष्मान भारत योजना के लिए जनपद में कुल अट्ठारह प्राइवेट और 16 सरकारी अस्पताल इस योजना का लाभ दे रहे हैं। जहां पर अब तक 5004 रोगियों ने इस योजना का लाभ उठाया है । साथ ही उन्होंने बताया कि अब तक जनपद में कुल 131360 गोल्डन कार्ड बनाए जा चुके हैं ।और आगे भी गोल्डन कार्ड बनाने का कैंप लगाए जाने का कार्यक्रम चलता रहेगा।
