दिखाया जहर उगलते प्लेटफार्म विहीन हैंड पंप! अभिभावकों को दिया नसीहत कि विद्यालय की हिफाजत करना उनका भी दायित्व है!
विद्यालय में दारू के पाउच देखकर सन्न रह गए समग्र विकास इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं स्वतंत्र पत्रकार ब्रजभूषण दूबे!
गाजीपुर जनपद स्थित सदर विकासखंड के प्राथमिक विद्यालय चक अब्दुल बहाव अगस्त की सुबह लगभग 6:15 बजे ब्रजभूषण दूबे अपने दो सहयोगियों के साथ परिसर में पहुंचे।विद्यालय का टूटा हुआ गेट और क्षतिग्रस्त चहारदीवारी! भीतर प्रवेश करने पर विद्यालय के दो जर्जर भवन जिस पर खतरा, परित्यक्ता तथा निष्प्रयोग लिखा हुआ था! ये जर्जर भवन लगभग 10 साल पहले निष्प्रयोज्य हो चुके हैं किंतु अभी भी गिराये नहीं गए जिनकी छतें लटकी हुई हैं दीवारें आधा से अधिक गिर चुकी हैं! कभी भी भयंकर दुर्घटना हो सकती है!

हैंड पंप का प्लेटफार्म नहीं बना है छोटे बच्चों से हैंडपंप का डंडा पकड़ में नहीं आएगा हैंढ पम्प तक पहुंचने के लिए कोई रास्ता नहीं है तथा हैंडपंप के बगल में घुटने से अधिक गहरा गड्ढा जो पूरी तौर पर पानी से भरा हुआ है! हैंड पंप कीचड़ और बालू युक्त पानी देता है!
कपड़ा निकाला और उतर गए गड्ढे में-
सामाजिक कार्यकर्ता ब्रजभूषण दूबे अपना कपड़ा निकाल हाफ पैंट पहन कर गड्ढे में उतर गए! मग्गा लेकर कई मिनट तक स्नान करने के साथ जिम्मेदार अधिकारियों के सद्बुद्धि की कामना करते रहे! दुर्गा सप्तशती एवं गायत्री मंत्र बोलकर जिम्मेदार लोक सेवकों के सद्बुद्धि की कामना भी किया!
उनका कहना था इस गड्ढे में बच्चे गिरकर प्राण त्याग देंगे!
गड्ढे से पाँच मीटर की दूरी पर आंगनवाड़ी के बच्चों का भवन है! बच्चे स्वभावत: कौतूहल बस भी गड्ढे में जा सकते हैं तथा बच्चे खेलने में भी गिर सकते हैं किंतु अधिकारियों की निगाह में गरीब परिवारों के बच्चों की कीमत कीड़े मकोड़े से अधिक नहीं है!
श्री दुबे ने संपूर्ण रूप से ध्वस्त जर्जर शौचालय एवं आंगनबाड़ी के नवीन भवन को दिखाया जो प्रयोग करने से पहले ही टूट रहा है!
विश्वास है गाजीपुर के जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला पर-
ब्रजभूषण दूबे ने गाजीपुर के युवा जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला का नाम लेते हुए कहा कि डीएम का लोक कल्याणकारी पक्ष हमें विश्वास दिलाता है कि ऐसे जितने भी जर्जर विद्यालय हैं जिले में चिन्हित कर ढहाए जाएंगे! पेयजल की समुचित व्यवस्था की जाएगी क्योंकि जहर उगलते हैंडपंपों से बच्चों का लीवर एवं किडनी खराब होगी वे भयंकर बीमारियों का शिकार होने के साथ उनका बहुमूल्य जीवन समाप्त हो सकता है!
स्थल निरीक्षण क्या खाक करते हैं अधिकारी ?
श्री दुबे ने कहा कि महीने में दो बार तीन बार खंड शिक्षा अधिकारी अपने क्षेत्र के प्राथमिक और जूनियर विद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण करते हैं लेकिन वह ऐसी समस्याओं के प्रति किसी भी प्रकार की गंभीरता नहीं दिखाते!
ग्राम शिक्षा समितियां नहीं जानती अपने अधिकार ना तो उनकी बात कोई सुनता है!
अपराध दर्ज न कराकर समस्याओं का करो समाधान- उत्तर प्रदेश के कई जिलों में सोशल मीडिया के क्रिएटर्स यूट्यूबर्स एवं पत्रकारों पर जर्जर तथा मौलिक अधिकारों के दम तोड़ते विद्यालयों को दिखाने पर अपराध दर्ज कराया गया है जो अति निनंदनीय और घृणित कार्य है! यह बात सही है कि बच्चों की पढ़ाई के समय व्यवधान न डाला जाए किंतु कक्षाओं के शुरू होने से पहले और विद्यालय के अध्यापन कार्य समाप्ति के पश्चात ऐसी कर्मियों को हर हालत में दिखाना और समाधान के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराना पत्रकारिता का परम धर्म है! अपराध दर्ज कराकर कलम के सिपाहियों का मनोबल गिरा सकते हो लेकिन उन्हें रोकने की ताकत लोकतंत्र में किसी को नहीं है!
15 दिन के अंदर नहीं गिराए गए जर्जर भवन तो चलाऊंगा हथौड़ा- पूर्व जिला पंचायत सदस्य ब्रजभूषण दूबे ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि 15 दिन के अंदर जर्जर भवनों को नहीं गिराया गया, खराब हैंडपंप ठीक नहीं हुए शौचालय पेयजल को दुरुस्त नहीं किया गया तो आज प्रतीकात्मक रूप से लट्ठ बजाय हूंँ कल हथौड़ा भी बजाऊंँगा क्योंकि हम बच्चों के बहुमूल्य जीवन को खतरे से खेलते हुए नहीं देख सकते!उक्त अवसर पर समग्र विकास इंडिया के व्याख्याता गुल्लू सिंह यादव एवं हनुमान बिंद उपस्थित थे!
