ग्रामीणो में बाढ़ को लेकर मचा हाहाकार

मुहम्मदाबाद : सेमरा शिवरायकापुरा गांव से लेकर शेरपुर के सिवान तक जगह-जगह कटान हो रहा है। कटान के चलते रविवार को करीब दो बीघा कृषि भूमि गंगा में समाहित हो गई। परिया 53 स्थित राजकीय नलकूप की नाली में लगाया गया अंडर ग्राउंड पाइप टूटकर गंगा में समाहित हो रहा है। जलस्तर बढ़ जाने से बच्छलपुर गंगा तट के पास पीपा पुल को सुरक्षित करने के लिए कर्मचारी लोहे के तार से उसे पेड़ों में बांधने व लंगर को मजबूत करने में लगे रहे। शिवरायकापुरा के पास हुए कटान के दौरान विस्थापित परिवारों ने परिया 53 व 61 में नया आशियाना बनाया है।

जलस्तर बढ़ने के साथ ही कटान होने से उनको दुबारा विस्थापन का खतरा सताने लगा है। यहीं नहीं जिस तरह से साधु राय के डेरा के पास कटान हो रहा है, डीह बाबा से लेकर सेमरा शेरपुर मुख्य सड़क तक जीवन गुजार रहे विस्थापित परिवारों की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। गंगा का पानी धर्मपुरा, फिरोजपुर भागड़ के रास्ते कुंडेसर शेरपुर के सिवान में पसर गया है। किसान पानी में घुसकर पशुओं के लिए चारा काटने का कार्य कर रहे हैं। चर्चा है कि अगर बढ़ाव इसी तरह होता रहा तो बाढ़ आना तय है।

कटान व जलस्तर बढ़ते देख उपजिलाधिकारी राजेश कुमार गुप्ता, तहसीलदार घनश्याम व चाई विभाग देवकली पंप नहर के अवर अभियंता भगवान प्रसाद विश्वकर्मा ने सेमरा व शिवरायकापुरा के किनारे घूमकर हालात का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से सावधान रहने व किसी तरह का खतरा महसूस होने पर तुरंत किनारा छोड़ देने की बातें कही।