भांवरकोल: क्षेत्र के शेरपुर खुर्द में चल रहीं संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा सप्ताह ज्ञान यज्ञ के चौथे दिन मध्यप्रदेश के अशोक नगर से पधारे कथाव्यास राजेश जी महाराज ने भगवान श्रीराम व श्रीकृष्ण के जन्म का मनोरम वर्णन किया। कथावाचक राजेश जी महाराज ने कथा के चौथे दिन राम जन्म,राम चरित्र और कृष्ण जन्म की कथा सुनाते हुए कहा कि जब जब धरती पर अनाचार और अन्याय बढ़ता है तब तब प्रभु पृथ्वी और सर्वजन हिताय विविध रूप के अवतार लेकर अत्याचारियो का नाश करते है।

अयोध्या में जन्मे भगवान श्रीराम की कथा सुनाते हुए कहा कि राजा दशरथ महारानी कौशल्या के घर राम जन्म हुआ। भगवान श्रीराम ने मर्यादा स्थापित कर मर्यादा पुरषोत्तम कहलाए है। भगवान श्रीराम के आदर्शों का अनुचरण करते हुए माता- पिता की आज्ञा मानने , भ्रातृत्व प्रेम व मित्रता निभाने का आह्वान किया।


इसके बाद भगवान श्री कृष्ण के जन्म की सुंदर झांकी पेश की ।
श्रीकृष्ण जन्मोत्सव पर पूरा पंडाल नंद के घर आनंद भयो जय कन्हैया लाल की जयकारों से गूंज उठा।इस दौरान लोग भक्ति में लीन होकर झूमने -नाचने लगे। एक -दूसरे को श्रीकृष्ण जन्म की बधाइयां दी गईं। और भगवान श्रीकृष्ण की वेश में नन्हे बालक के दर्शन करने के लिए लोग लालायित नजर आ रहे थे।
भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की कथा भक्तों को श्रवण कराते हुए कहा कि श्रीकृष्ण का जन्म हुआ तो अपने आप जेल के ताले खुल गए और वसुदेव की बेड़ियां खुल गईं। वसुदेव भगवान ने श्रीकृष्ण इस संसार के पालनहार हैं। एक टोकरी में लेकर यमुना नदी को पार कर यशोदा मां नंदबाबा के पास छोड़ जाते हैं। भगवान श्रीकृष्ण ने दुष्टों का नाश करने के लिए ही धरती पर जन्म लिया था। इस धरती को अधर्म से मुक्ति दिलाई। भगवान श्रीकृष्ण के लीलाओं व मथुरा से गोकुल गमन का कथा सुनाकर भक्तों का मन मोह लिया।

इस अवसर पर मुख्य यजमान डॉo सत्यानन्द राय, जयानंद राय मोनू ,ग्राम प्रधान अंजली राय ,नीलम राय , कृष्णकांत राय छोटन,विकास राय
ज्ञानेंद्र राय पहलवान,उमेश यादव ,सोनू राय, मिथलेश राय, आचार्य आशीष जी शर्मा, वादक रामसेवक जी शर्मा ,भारतेष जी महाराज ,अनिल शर्मा,जयपाली प्रजापति सहित सैकड़ों श्रद्धालु मौजूद रहे।
(अजय कुमार यादव की रिपोर्ट)
